पाण्डुलिपियों के संरक्षण में संलग्न लोगों को सघन प्रशिक्षण दिया जाता है। उपचारात्मक संरक्षण में प्रशिक्षण के लिए मिशन के कार्यक्रमों में निम्नलिखित शामिल हैं –

       

      एमसीसी स्टाफ के लिए उपचारात्मक संरक्षण प्रशिक्षण

      प्रत्येक भागीदार केंद्र में संरक्षण के लिए आधारभूत न्यूनतम मानक स्थापित करने के लिए और कार्मिक को इस क्षेत्र में नवीनतम जानकारी से अद्यतन रखने के लिए पाण्डुलिपि संरक्षण केन्द्रों (एमसीसी) के स्टाफ को नियमित प्रशिक्षण दिया जाता है।

       

      शुरू में एमसीसी में 20 कार्मिकों को राष्ट्रीय सांस्कृतिक संपत्ति संरक्षण अनुसंधान प्रयोगशाला (एनआरएलसी), लखनऊ में 45-दिन का उपचारात्मक प्रशिक्षण दिया गया जिसके बाद उन्हें विभिन्न पाण्डुलिपि भंडार गृहों में इंटर्नशिप कराई गई।

       

      अगले माह मिशन शेष 13 एमसीसी के लिए उपचारात्मक संरक्षण प्रशिक्षण आयोजित कर रहा है और उन्हें भी एनआरएलसी, नैनीताल और भुवनेश्वर जैसे केन्द्रों में 45-दिन की इंटर्नशिप कराई जाएगी। एमसीसी स्टाफ के अतिरिक्त सहभागियों में निजी संग्रहों, पुस्तकालयों, संस्थाओं के प्रतिनिधि और मिशन द्वारा बनाए गए संरक्षकों के रिजर्व पूल के सदस्य शामिल होंगे।

       

      दुर्लभ सहायक सामग्री पर कार्यशालाएँ

      जिन सहायक सामग्री पर पांडुलिपियाँ लिखी जाती हैं वे पूरे देश में विभिन्न क्षेत्रों में भिन्न-भिन्न है। ओडिशा ताड़ के पत्ते पर पाण्डुलिपियों के लिए प्रसिद्ध है; इसी प्रकार कश्मीर में भोजपत्र पर पांडुलिपियाँ आम थीं। इसलिए पाण्डुलिपियों का अनुरक्षण और देखभाल भी विभिन्न सहायक सामग्रियों के आधार पर भिन्न-भिन्न होता है।

       

      मिशन दुर्लभ सहायक सामग्री पर संगोष्ठी-सह-कार्यशाला आयोजित कर रहा है। इन सत्रों में सहायक सामग्री जैसे तैयारी और संरक्षण में प्रयुक्त प्रक्रिया तथा प्रौद्योगिकी, के संबंध में विभिन्न प्रकार के मुद्दे शामिल किए गए हैं। सहभागियों में भंडार गृहों, एमसीसी के कार्मिक, विद्वान और निजी स्वामी शामिल हैं।

       

      कार्यशालाओं की प्रथम श्रृंखला में चर्म पत्र और हाथी दाँत पर चर्चा की गई। यह अक्तूबर, 2006 में सलारजंग संग्रहालय, हैदराबाद में आयोजित की गई थी।

       

      देखें कार्यक्रमों के लिए घटनाओं का कैलेंडरभविष्य के प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए

       

      अप्रैल, 2009 से मार्च, 2010 तक संरक्षण अनुभाग (एनएमएम) की उपचारात्मक संरक्षण कार्यशाला रिपोर्ट

       

      उपचारात्मक कार्यशाला

      राष्ट्रीय संग्रहालय (नई दिल्ली)

      15 से 19 मार्च, 2010

      एनआरएलसी, लखनऊ

      22 मार्च से 5 अप्रैल, 2010

       

      अप्रैल, 2010 से मार्च, 2011 तक संरक्षण अनुभाग (एनएमएम) की उपचारात्मक संरक्षण कार्यशाला रिपोर्ट

       

      पाण्डुलिपियों पर उपचारात्मक संरक्षण इंटर्नशिप कार्यशाला

      इनटैक, भुवनेश्वर

      23 से 7 दिसंबर, 2010

      एनआरएलसी, लखनऊ

      30 से 14 दिसंबर, 2010

      तमिलनाडु सरकारी संग्रहालय, चेन्नई

      14 से 28 फरवरी, 2011

      मणिपुर राज्य अभिलेखागार, इम्फाल

      10 से 24 जनवरी, 2011

       

      अप्रैल, 2011 से मार्च, 2012 तक संरक्षण अनुभाग (एनएमएम) की उपचारात्मक संरक्षण कार्यशाला रिपोर्ट

       

      उपचारात्मक संरक्षण

      इनटैक, भुवनेश्वर

      10 जनवरी से 10 फरवरी, 2012

      इनटैक, लखनऊ

      18 जनवरी से 17 फरवरी, 2012

       

      अप्रैल, 2012 से मार्च, 2013 तक संरक्षण अनुभाग (एनएमएम) की उपचारात्मक संरक्षण कार्यशाला रिपोर्ट

       

      उपचारात्मक संरक्षण

      श्रीमती ममता मिश्रा, निदेशक, लखनऊ

      13 दिसंबर से 12 जनवरी, 2013

      श्री अनुपम साह, निदेशक, रानीबाग, नैनीताल

      25 फरवरी से 23 मार्च, 2013

       

      इन कार्यशालाओं में प्रस्तुत किए गए पत्र मिशन द्वारा प्रकाशित किए जाएंगे।

       

      उपचारात्मक संरक्षण 16-17 में प्रशिक्षण

      एचआईएमएसएचएसीओ रानीबाग, नैनीताल

      1 फरवरी से 2 मार्च, 2017

      इनटैक, भुवनेश्वर

      14 फरवरी से 17 मार्च, 2017

      उपचारात्मक (क्यूरेटिव) संरक्षण में प्रशिक्षण 15-16

      इन्टैक, भुबनेश्वर

      15 मार्च से 15 अप्रैल, 2016 तक

      एचआईएमएसएचएसीओ रानीबाग, नैनीताल

      15 फरवरी से 15 मार्च, 2016 तक

      उपचारात्मक (क्यूरेटिव) संरक्षण में प्रशिक्षण 13-14

      इन्टैक, भुबनेश्वर

      2 सितम्बर से 8 अक्तूबर, 2013 तक

      इन्टैक, लखनऊ

      17 से 15 मार्च, 2014 तक

      उपचारात्मक (क्यूरेटिव) संरक्षण में प्रशिक्षण 12-13

      इन्टैक, भुबनेश्वर

      13 दिसम्बर, 2012 से 12 जनवरी, 2013 तक

      एचएसएचएसी रानीबाग, नैनीताल

      25 फरवरी से 23 मार्च तक

      उपचारात्मक (क्यूरेटिव) संरक्षण में प्रशिक्षण 11-12

      इन्टैक, भुबनेश्वर

      10 जनवरी से 10 फरवरी, 2012 तक

      इन्टैक, लखनऊ

      25 फरवरी से 23 मार्च तक

      उपचारात्मक (क्यूरेटिव) संरक्षण में प्रशिक्षण 10-11

      इन्टैक, भुबनेश्वर

      23 से 7 दिसम्बर, 2010 तक

      एनआरएलसी, लखनऊ

      30 से 14 दिसम्बर, 2010 तक

      तमिलनाडु राजकीय संग्रहालय, चेन्नई

      14 से 28 फरवरी, 2011 तक

      मणिपुर राजकीय संग्रहालय, इम्फाल

      10 से 24 जनवरी, 2011 तक

      उपचारात्मक (क्यूरेटिव) संरक्षण में प्रशिक्षण 09-10

      एनआरएलसी, लखनऊ

      22 मार्चह से 5 अप्रैल, 2010 तक

      उपचारात्मक (क्यूरेटिव) संरक्षण में प्रशिक्षण 06-07

      एनआरएलसी, लखनऊ

      1 दिसम्बर, 2006 से 15 जनवरी, 2007 तक

      इन्टैक, लखनऊ

      19 जनवरी से 5 मार्च, 2007 तक

      इन्टैक, भुबनेश्वर

      19 जनवरी से 5 मार्च, 2007 तक

      तमिलनाडु राजकीय संग्रहालय एगमोर, चेन्नई

      19 जनवरी से 5 मार्च, 2007 तक

      उपचारात्मक (क्यूरेटिव) संरक्षण में प्रशिक्षण 05-06

      एनआरएलसी, लखनऊ

      दिुसम्बर, 2005

      इन्टैक, लखनऊ

      जनवरी, 2006

      इन्टैक, भुबनेश्वर

      जनवरी, 2006

      तमिलनाडु राजकीय संग्रहालय एगमोर, चेन्नई

      जनवरी, 2006